बस विवाद में आर-पार, नोएडा से लखनऊ तक कांग्रेस नेताओं पर FIR, प्रियंका बोली- ‘हद कर दी योगी ने’

प्रवासी मजदूरों पर कांग्रेस और बीजेपी में खींचतान अपने चरम पर पहुंच गई है, योगी सरकार ने नोएडा से लखनऊ तक कांग्रेस नेताओं पर केस दर्ज किए हैं जिनमें प्रियंका गांधी के निजी सचिव संदीप सिंह भी शामिल हैं इतना ही नहीं यूपी कांग्रेस के अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू को तो हिरासत में ले लिया गया है.

नोएडा में कांग्रेस नेताओं पर केस

नोएडा में पुलिस ने एमिटी और महामाया फ्लाईओवर के पास बस जमा करने के आरोप में कांग्रेस के नेता पंकज मलिक सहित चार लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। पुलिस का कहना है कि ये बिना मंजूरी के यहां बसें जमा कर रहे थे। इन लोगों के खिलाफ भीड़ जुटाने, लॉकडाउन का उल्लंघन और दूसरी कई धाराओं में नोएडा के सेक्टर-39 थाने में एफआईआर दर्ज की गई है। इसके अलावा दो बसों को एआरटीओ ने परमिट और फिटनेस सर्टिफिकेट ना मिलने के कारण सीज भी कर दिया है.

अजय कुमार लल्लू हिरासत में

वहीं आगरा जिले में राजस्थान के बॉर्डर पर मंगलवार देर रात यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू को भी पुलिस ने तब हिरासत में ले लिया जब वो फतेहपुर बॉर्डर के पास फंसे मजदूरों से मिलने के लिए पहुंचे थे. इस दौरान उनकी वहां पुलिस से बहस हुई, कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि बॉर्डर पर उनकी बसें तैयार खड़ी हैं लल्लू मजदूरों की मांग को लेकर वहीं धरने पर बैठ गए जिसके बाद पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया. इस के पर लल्लू ने कहा कि योगी सरकार उनके साथ चाहे जो सलूक करे लेकिन कांग्रेस मजदूरों को घर तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं.

लखनऊ में कांग्रेस नेताओं पर FIR

उधर लखनऊ में भी एआरटीओ ने प्रियंका के निजी सचिव संदीप सिंह और कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू के खिलाफ हजरतगंज थाने में आईपीसी की धारा 420/467/468 के तहत केस दर्ज कराया. कांग्रेस नेताओं पर ये केस धोखाधड़ी के आरोप में दर्ज कराया गया. एआरटीओ का आरोप है बसों की जांच में ऑटो, एंबुलेंस और बाइक के नंबर मिले हैं वहीं कुछ बसों के नंबर चोरी के वाहन होने की भी आशंका है.

प्रियंका कहा सरकार ने हद कर दी

कांग्रेस नेताओं के खिलाफ केस दर्ज होने के बाद प्रियंका गांधी ने योगी पर ट्विटर के जरिए निशाना साधा. प्रियंका ने अपने ट्वीट में लिखा कि- यूपी सरकार ने हद कर दी है. अब राजनीति से परे त्रस्त और असहाय प्रवासी भाई बहनों की मदद करने का मौका मिला तो दुनिया भर की बाधाओं को सामने रख दिया गया. योगी जी आप चाहें तो इन बसों पर बीजेपी का बैनर लगवा दीजिए लेकिन हमारे सेवाभाव को मत ठुकराइए, इस राजनीतिक खिलवाड़ में तीन दिन बर्बाद हो चुके हैं इन तीन दिनों  हमारे देशवासी सड़कों पर चलते हुए दम तोड़ रहे हैं.

प्रियंका गांधी ने एक के बाद एक कई ट्वीट किए उन्होंने ये भी कहा कि- ‘यूपी सरकार का खुद का बयान है कि हमारी 1049 बसों में से 879 बसें जांच में सही पाई गईं। ऊंचा नगला बॉर्डर पर आपके प्रशासन ने हमारी 500 बसों से ज्यादा बसों को घंटों से रोक रखा है। इधर, दिल्ली बॉर्डर पर भी 300 से ज्यादा बसें पहुंच रही हैं। कृपया इन बसों को तो चलने दीजिए। हम आपको कल 200 बसों की नई सूची दिलाकर बसें उपलब्ध करा देंगे। बेशक आप इस सूची की भी जांच कीजिएगा। लोग बहुत कष्ट में हैं। दुखी हैं। हम और देर नहीं कर सकते हैं।‘

बुधवार शाम तक बसों के साथ रहेंगे

एक तरफ प्रियंका सरकार पर हमलावर रहीं तो दूसरी तरफ उनके निजी सचिव संदीप सिंह ने देर रात एक और पत्र उत्तर प्रदेश सरकार को लिखा जिसमें कहा गया है कि मंगलवार को पूरे दिन इंतजार करने के बाद भी उन्हें बसों के साथ गाजियाबाद और नोएडा नहीं जाने दिया गया उन्होंने कहा कि हम बुधवार को शाम 4 बजे तक यूपी बॉर्डर पर बसों के साथ खड़े रहेंगे तब तक सरकार कोई सकारात्मक जवाब दे ताकि मजदूरों की मदद हो सके.

दअरसल मजदूरों को लेकर अब प्रियंका और योगी सरकार में ठन गई है जहां प्रियंका इस मुद्दे पर लगातार हमलावर हैं वो बसों के इंतजाम की बात कह रही हैं वहीं योगी सरकार और यूपी प्रशासन भी कांग्रेस की इस कोशिश की हवा निकलाने के लिए एड़ी चोटी का जोर लगाए हुए है जिसकी तस्दीक नोएडा से लेकर लखनऊ तक कांग्रेस नेताओं पर दर्ज एफआईआर भी करती है लेकिन इस सियासत में सड़क पर खड़ा मजदूर बेवजह पिस रहा है.

You may also like...