कब पटरी पर दौड़ेगी ट्रेन, क्या है रेलवे का पोस्टलॉकडाउन प्लान यहां पढ़िए पूरी रिपोर्ट

लॉकडाउन कब खत्म होगा इस पर फैसला 11 अप्रैल को मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक के बाद प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ले सकते हैं लेकिन रेल की यात्रा कब से शुरु होगी इसे लेकर रेलवे ने अपनी रणनीति पर काम करना शुरु कर दिया है रेलवे ने इस बात के संकेत दिए हैं कि लॉकडाउन खत्म होने के बाद चरणबद्ध तरीके से ट्रेन सेवाएं शुरु होंगी.

रेलवे ने बनाया खास प्लान

मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो रेलवे के अधिकारी ट्रेनों को वापस पटरी पर लाने के लिए एक खास प्लान के तहत काम कर रहे हैं जिसमें रेलवे के संचालन के साथ सोशल डिस्टेंसिंग कायम करने पर भी रणनीति बनाई जा रही है बड़ी बात ये है कि रेलवे अपनी सेवाएं तो शुरू करना चाहता है लेकिन सिर्फ उन इलाकों में जहां कोरोना का असर ज्यादा नहीं है.

3 जोन में रेल नेटवर्क बांटने की योजना

ख़बरों के मुताबिक रेलवे ने सरकार से इस बारे में जानकारी साझा की है जिसमें पूरे रेल नेटवर्क को तीन जोन में बांटने की बात कही गई है ये जोन होंगे रेड, येलो और ग्रीन. रेलवे का प्लान है कि रेड जोन में जहां कोरोना वायरस सबसे ज्यादा फैला हुआ है वहां अभी कोई भी ट्रेन ना चलाई जाए वहीं येलो जोन में जहां कोरोना का असर कम है सीमित संख्या में ट्रेनों का संचालन हो जबकि ग्रीन जोन जहां कोरोना का असर ना के बराबर है वहां पूरी तरह से ट्रेन सर्विस को शुरु कर दिया जाए हालांकि इस प्लान पर अभी कोई फाइनल फैसला नहीं लिया गया है.

मिडिल बर्थ खाली रखने पर विचार

कोरोना का सबसे असरदार उपाय सोशल डिस्टेंसिंग है लिहाजा रेलवे के नए प्लान में इस बात का खास ख्याल रखा गया है ऐसे में अगर रेल सेवा शुरू की जाती है तो सोशल डिस्टेंसिंग के लिए कोच में मिडिल बर्थ को खाली रखने के साथ ही स्टेशन और ट्रेन में थर्मल चेकिंग जैसे एहतियात बरतने की बात भी कही जा रही है.

पहले स्पेशल ट्रेन का संचालन

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक रेलवे पहले रेगुलर ट्रेनों की जगह स्पेशल ट्रेनों का ही संचालन शुरु करेगा जिसमें सिर्फ रिजर्वेशन के जरिए सीट बुकिंग की जाएगी और जनरल क्लास में किसी को भी यात्रा की परमिशन नहीं होगी. रेलवे के अधिकारियों के मुताबिक इससे सोशल डिस्टेंसिंग भी बनी रहेगी और रिजर्वेशन के जरिए यात्रियों को ट्रेन में यात्रा की इजाजत देने पर उनकी डिटेल्स ट्रैक करना भी आसान होगा.

ट्रेन में नहीं मिलेगा खाना

जानकारी के मुताबिक जब तक कोरोना का कहर कम नहीं हो जाता ना तो ट्रेन में यात्रियों को खाना मिलेगा और ना ही चादर और कंबल वगैरह,  इतना ही नहीं ट्रेन में एंट्री से पहले मुसाफिरों की थर्मल स्क्रीनिंग भी सुनिश्चित की जाएगी.

महानगरों में फिलहाल सेवा नहीं
रेलवे अधिकारियों ने जिस योजना का खाका खींचा है अगर उसे लागू किया जाता है तो दिल्ली , मुबंई, चेन्नई और सिकंदराबाद जैसे बड़े महानगरों में रेल सेवा शायद ही फिलहाल बहाल हो पाए क्योंकि ये इलाके इस वक्त कोरोना के हॉट स्पॉट बने हुए हैं और इनके रेड जोन में शामिल होने की पूरी-पूरी संभावनाए हैं ऐसे में यहां 30 अप्रैल तक ट्रेनों के संचालन पर सस्पेंस बना हुआ है.

राज्य सरकारों से बात के बाद फैसला

हालांकि रेलवे ने अभी बस ये प्लान बनाया है जो सिर्फ कागज़ों पर है. राज्यों में रेल सेवाओं को शुरू करने से पहले सरकार ने अपने उच्च अधिकारियों को प्रदेश सरकार के अफसरों से बात करने के लिए भी कहा है, जिससे बाद ही प्रदेश में रेलवे की जरूरतों को देखने के बाद सेवाओं को शुरू करने पर फाइनल फैसला होगा.

You may also like...