कोरोना के कहर से टेनिस टूर्नामेंट तबाह, अगले साल होने वाला ऑस्ट्रेलियन ओपन पड़ सकता है खटाई में

कोरोना संक्रमण कम होने का नाम नहीं ले रहा है । हर रोज कोरोना  मरीजों की संख्या बेतहाशा बढ़ रही है ।  कोरोना के खौफ से सभी एक्टिविटी बंद है । मार्च से ही खेल की तमाम गतिविधियां या तो रद्द है या टाल दी गई है । कोरोना की वजह से जून जुलाई में होने वाले खेल टूर्नामेंट भी रद्द किए जाने लगे हैं । कोरोना संक्रमण की वजह से जून-जुलाई में होने वाला विंबलडन रद्द किया जा चुका है । अभी इस साल के टेनिस  कैंलेंडर में एक ग्रैंड स्लैम और होना बाकी है जबकि दूसरा टूर्नामेंट 5 से 6 महीने के लिए टाल दिया गया है । मौजूदा हालात को देखते हुए इसके भी लक्षण शुभ नहीं दिख रहे हैं क्योंकि अगले साल होने वाला ऑस्ट्रेलियन ओपन टेनिस के रद्द होने के आसार है ।

फ्रेंच और यूएस ओपन अधर में

इस साल अभी दो 2 ग्रैंड स्लैम टूर्नामेंट होने हैं लेकिन कोरोना महामारी की वजह से फ्रैंच और यूएस ओपन ग्रैंड स्लैम का भविष्य खतरे में दिख रहा है । फ्रेंच ओपन टेनिस फ्रांस में और यूएस ओपन अमेरिका में खेला जाना है ।कोरोना बीमारी की वजह से फ्रांस और अमेरिका दोनों बेहाल हैं ।   साल का दूसरा ग्रैंड स्लैम फ्रेंच ओपन सितंबर के लिए टाला जा चुका है जबकि साल के आखिर में होने वाला यूएस ओपन अक्टूबर नवंबर में होना है जिस पर फैसला अगले महीने होगा । लेकिन अमेरिका में यूस ओपन ग्राउंड को कोरोना हॉस्पीटल के रूप में तब्दील कर दिया गया है । ऐसे में इस टूर्नामेंट के होने के आसार ना के बराबर हैं ।

ऑस्ट्रेलियन ओपन 2021 भी हो सकता है रद्द  

वैसे तो ऑस्ट्रेलियन ओपन टेनिस टूर्नामेंट हर बार नए साल की शुरुआत में होता है । लेकिन कोरोना की वजह से ऑस्ट्रेलिया में भी हालात अच्छे नहीं हैं। ऐसे में टेनिस ऑस्ट्रेलिया के मुख्य कार्यकारी ने 7 महीने पहले ही बयान देकर सबको हैरान कर दिया है ।  टेनिस ऑस्ट्रेलिया के मुख्य कार्यकारी क्रैग टिली ने साल के पहले ग्रैंड स्लैम के भी रद्द होने की आशंका जताई है ।

 टेनिस ऑस्ट्रेलिया ने दिए सॉलिड आधार

कोरोना संक्रमण की वजह से क्रैग टिली न अगले ऑस्ट्रेलियन ओपन के लिए जो दलील दिया है वो काफी दमदार है । उन्होंने कहा कि टूर्नानेंट को देखने के लिए विदेशी फैंस नहीं आ पाएंगे और बगैर दर्शक के टूर्नामेंट को आयोजित नहीं किया जा सकता । साथ ही खिलाड़ियों की सुरक्षा भी बेहद अहम है । प्लेयर्स को क्वारंटाइन प्रकिया से गुजरना होगा ।  टेनिस में गेंद लाने से लेकर मैच रेफरी तक के बारे में विचार करना होगा । लिहाजा हालात को देखते हुए टूर्नामेंट को रद्द करना पड़ जाए ।

 हम आपको बता दें कि 2020 का विंबलडन हर साल जून-जुलाई में होता रहा है लेकिन कोरोना की वजह इसको पहले ही रद्द कर दिया गया । सेकंड वर्ल्ड वार के बाद पहली बार इस टूर्नामेंट को रद्द कर दिया गया था । ऐसे में इस साल होने वाले तमाम टेनिस टूर्नामेंट पर कोरोना की काली छाया पड़ती दिख रही है और अगले साल यानी 2021 में होने वाला ऑस्ट्रेलियन ओपन भी कोरोना के प्रभाव से अछूता नहीं दिख रहा है । मतलब साफ  है कि करोड़ के टेनिस कारोबार को करारा झटका लगता दिख रहा है।

You may also like...