लॉकडाउन के बाद जर्मनी में बदल गया सैलून खोलने का नियम, भारत में कैसी है तैयारी, पढ़ें रिपोर्ट

लॉकडाउन और सोशल डिस्टेंसिंग का पाठ सीख रही दुनिया के लिए आने वाला वक्त बहुत बड़े बदलाव लेकर आएगा। उनमें से एक है सैलून और ब्यूटी पार्लर। क्योंकि कोरोना के साइड इफेक्ट का एक बड़ा असर सैलून, स्पा सेंटर पर पड़ा है।

जर्मनी में खुल गए सैलून और ब्यूटी पार्लर

दुनिया के कई देशों में सैलून, ब्यूटी पार्लर में सोशल डिस्टेंसिंग और हाईजीन की तस्वीरें दिखनी शुरू हो गई है। जर्मनी पहला ऐसा देश है जिसने लॉकडाउन में छूट देते हुए सैलून और ब्यूटी पार्लर को भी खोलने का फैसला किया है।

जर्मनी में करोना ने बदला हेयर ‘कटिंग’ नियम

  • सैलून में पहले से समय लेकर आना होगा
  • ब्यूटी पार्लर में इंतजार करने की इजाजत नहीं है
  • ग्राहक और ब्यूटीशियन के बीच उचित दूरी होनी चाहिए
  • बाल काटते वक्त मास्क पहनना जरूरी है
  • दुकान में साफ हवा के इंतजाम होने चाहिए
  • बाल काटने के लिए डिस्पोजेबल कपड़े का इस्तेमाल करना होगा

भारत में भी सैलून और ब्यूटी पार्लर बंद हैं और लोग घरों में जैसे तैसे खुद को ग्रूम कर रहे हैं। अब देश में भी लोगों को बेसब्री से सैलून खुलने का इंतजार है। आपको बता दें कि हिंदुस्तान में सैलून और पार्लर बंद होने की वजह से अरबों का नुकसान हो रहा है।

देश में सैलून इंडस्ट्री को अरबों का नुकसान

भारत में सैलून, ब्यूटी पॉर्लर इंडस्ट्री करीब 60 अरब डॉलर यानी 4575 अरब रुपए की है। कोरोना से पहले देश में सैलून इंडस्ट्री करीब 25-30 फीसदी की रफ्तार से बढ़ रही थी। जरा सोचिए सिर्फ सैलून और पार्लर बंद रहने की वजह से देश को रोज करोड़ों का नुकसान हो रहा है। लेकिन पिछले चंद महीनों में कोरोना ने जिस तरह लोगों को डराया है।उसने सरकारों को सैलून के लिए नियम तय करने पर भी मजबूर किया है।

You may also like...